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हेलो
दोस्तों,
मेरा नाम
कमलेश है
और मै एक
मशीन
बनाने
वाली
कंपनी मे
काम करता
हु | मै इस
वेबसाइट
पर कम ही
लिखता हु;
लेकिन आज
मै आप को
अपने
कॉलेज मै
हुए एक
घटना के
बारे मे
बताता हु |
चार लड़के
नशे मे
धुत और
उन्होंने
एक लड़की
को मस्त
तरीके
चोदा | वो
लड़की भी
एक बार
खुलने के
बाद
संभोग के
मज़े
लेने लगी |
हम लोग
चार
दोस्त थे
और कॉलेज
एक ही साथ
रहते थे |
हम लोगो
के दो रूम
थे और
अगल-बगल
ही थे |
हमारे
ग्रुप मे,
एक लड़का
था जिसका
नाम रमेश
था और हम
चारो मे
सिर्फ
उसी की
गर्लफ्रेंड
थी,
क्योकि
वो
पढने-लिखने
मे अच्छा
था और
लड्किया
उसके
आस-पास
मडराती
रहती थी |
हमने भी,
उससे
पढने के
लिए ही
उससे
दोस्ती
घाठी थी |
एक दिन, हम सब बैठ कर दारू पी रहे थे और ताश खेल रहे थे | सब के सब नशे मे पूरी तरह से धुत थे | तभी, किसी ने बताया, कि रमेश की गर्लफ्रेंड, नीलिमा आयी है और वो उसके रूम मे है | हमारे ग्रुप मे एक लड़का सुरेश था, जो कुछ आवारा किस्म का था | उसको एक शरारत सूझी और उसने ताश मे नीलिमा को चोदने की शर्त रखी | रमेश काफी नशे मे था, तो उसने भी हां कर दी | वैसे भी, नीलिमा काफी चुद्कड़ थी और रमेश से काफी बार चुद चुकी थी और रमेश उसका कोई पहला बॉयफ्रेंड नहीं था | लेकिन, उस दिन किस्मत रमेश के साथ नहीं थी और वो हार गया | फिर, सुरेश ने अपनी पेंट हम सबके के सामने खोल दी और अपना बड़ा सा लंड निकालकर रमेश को दिखाने लगा और बोला, साली आज इसी लंड से पहले चुदेगी | हम सब भी बहुत खुश थे; लेकिन , रमेश का चेहरा उतरा हुआ था और उसे समझ नहीं आ रहा था, कि क्या करे? फिर, हम सब ने रमेश को उसके रूम मे जाने के लिए बोला और नीलिमा को सेक्स के लिए तैयार करने के लिए कहा | रमेश उतरा हुआ सा चेहरा लेकर अपने रूम मे गया और नीलिमा को मिला, नीलिमा ने उसका उतरा हुआ चेहरा देखा और पूछा, क्या हुआ? रमेश ने फिर नीलिमा को सारी बात बताई; तो नीलिमा की आँखों मे चमक आ गयी और बोली, तू चिंता क्यों कर रहा है, साले; बहुत दिनों से किसी का शिकार नहीं किया था; आज कर लुंगी | उस दिन रमेश और नीलिमा के रिश्ते था आखिरी दिन था | हम तीनो भी रमेश के कमरे मे घुसे और सारे दरवाजे और खिडकिया अच्छी तरह से बंद कर ली | रमेश एक कोने मे मुह छुपाये खड़ा था | हम तीनो कपडे उतार चुके थे और अपने हाथो मे अपने लंड को लहरहा रहे थे और खुद भी नशे मे लहर रहे थे | सुरेश ने हम सबको पीछे कर दिया और खुद नीलिमा के कपडे उतारने चला | नीलिमा ने खुद ही सारे कपडे उतार दिये और सुरेश से बोली, साले आजा तेरा नशा उतारती हु | फिर, उसने सुरेश को लिटा दिया और उसके लंड का मुठ मारने लगी और फिर उसने सुरेश के लंड को अपने मुह मे ले लिया और तेजी से झटके मारने लगी | सुरेश चिल्ला रहा था; आज पहली बार किसी लड़की को लड़के वाट लगाते हुए देखा था | नीलिमा के दांत सुरेश के लंड पर थे और वो उनको लंड पर तेजी से घिस रही थी | सुरेश चाहकर भी कुछ नहीं कर पा रहा था | फिर, वो सुरेश के ऊपर आयी और अपने पैर बंद करके चूत को बिलकुल कस लिया और उसके लंड के ऊपर रखकर नीचे बैठ गयी और पेरो को बिलकुल चिपका लिया | सुरेश की जान निकाल गयी | ये सेक्स का वीभत्स रूप, आज हमने पहली बार देखा था | हमारे सबके लंड तो ये सब देखकर ही बैठ गये और हमने कपडे पहने शुरू कर दिये | नीलिमा चिल्ला रही थी और हमें नामर्द बुला रही थी | लेकिन, हमें अपनी वाट लगवानी का शौक नहीं था | सुरेश को लग रहा था, कि उसका लंड टूटने वाला है | उसके लंड का सारा पानी निकाल चुका था, लेकिन नीलिमा ने उसका लंड की पूरी तरह से वाट लगा दी | उसके लंड से खून बह रहा था और वो वो किसी भी हालत मे खड़ा होने लायक नहीं था | रमेश भी हैरान था, कि इतनी बार नीलिमा के साथ सेक्स करने के बाद भी; उसने नीलिमा का ये रूप नहीं देखा था | सुरेश की हालत ख़राब थी और उससे खड़ा नहीं हुआ जा रहा था | हम सब उसको हॉस्पिटल लेकर गये और मजबूरन डाक्टर को सारी कहानी बतानी पड़ी और वो हँस पड़ा और हमारे खिलाफ केस दर्ज करने चला | काफी कुछ करने के बाद, उसने सुरेश का इलाज किया और हमें छोड़ा | उसके बाद, जब भी नीलिमा हमें कॉलेज मे मिलती; तो हमारी नज़ारे नीची होती और हमें वो कॉलेज छोड़कर दूसरी जगह जाना पड़ा |
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